Allium Flower Plant में अच्छे और आकर्षक फूल पाने के लिए सिर्फ bulb लगाना काफी नहीं है। पौधे को सही धूप, अच्छी drainage वाली मिट्टी, जरूरत के अनुसार पानी और उसकी variety के हिसाब से सही मौसम भी चाहिए। अगर आपके Allium में फूल कम आ रहे हैं या पौधा स्वस्थ दिखने के बावजूद flowering अच्छी नहीं हो रही, तो इन 5 बातों पर ध्यान दें।
1. Allium को पर्याप्त धूप वाली जगह पर रखें
Allium की कई ornamental varieties अच्छी धूप में बेहतर flowering करती हैं। अगर गमला ऐसी जगह रखा है जहाँ दिनभर रोशनी कम मिलती है, तो पौधे की growth और फूल आने पर असर पड़ सकता है।
गमले में Allium उगा रहे हैं, तो ऐसी जगह चुनें जहाँ पौधे को अच्छी natural sunlight मिले। उत्तर भारत में सर्दियों की धूप उपयोगी हो सकती है, लेकिन गर्म मौसम में पौधे की variety और स्थानीय तापमान को भी ध्यान में रखें।
क्या करें? गमले को बहुत छायादार कोने से हटाकर अधिक रोशनी वाली जगह पर रखें। केवल ज्यादा धूप देने से ही अधिक फूल आने की गारंटी नहीं है, इसलिए बाकी conditions भी सही रखें।
2. मिट्टी में पानी जमा न होने दें
Allium की अच्छी growth के लिए ऐसी मिट्टी जरूरी है जिससे अतिरिक्त पानी आसानी से निकल सके। अगर मिट्टी लंबे समय तक गीली रहती है, तो bulb सड़ने का खतरा बढ़ सकता है। ऐसी स्थिति में पौधा कमजोर हो सकता है और flowering प्रभावित हो सकती है।
गमले में Allium लगाने के लिए अच्छी drainage वाली potting mix इस्तेमाल करें। गमले के नीचे पर्याप्त drainage holes होने चाहिए। भारी और बहुत ज्यादा पानी रोकने वाली मिट्टी से बचें।
मिट्टी तैयार करते समय उसका texture ऐसा रखें कि उसमें पानी निकलने की व्यवस्था के साथ जड़ों तक हवा भी पहुँच सके। केवल ज्यादा खाद मिलाने से खराब drainage की समस्या ठीक नहीं होती।
क्या करें? अगर पानी देने के काफी समय बाद भी मिट्टी लगातार गीली रहती है, तो potting mix और drainage holes की जाँच करें। बिना जरूरत पौधे को बार-बार पानी न दें।
3. जरूरत के अनुसार पानी दें
Allium को पानी देने का कोई एक तय schedule सभी गमलों और मौसमों के लिए सही नहीं होता। पानी की जरूरत मिट्टी, तापमान, गमले के आकार और पौधे की growth stage पर निर्भर करती है।
गमले में उगाए गए Allium को जमीन में लगे पौधे की तुलना में अधिक बार पानी देने की जरूरत पड़ सकती है। फिर भी मिट्टी को लगातार गीला रखना सही तरीका नहीं है। खासकर जब पौधा dormant हो या उसकी growth धीमी हो, तब अतिरिक्त पानी bulb को नुकसान पहुँचा सकता है।
पानी देने से पहले ये बातें जाँचें:
- मिट्टी की नमी देखकर तय करें कि पानी देना जरूरी है या नहीं।
- गमले में पानी निकलने की सही व्यवस्था रखें।
- मौसम ठंडा होने या बारिश के समय watering की जरूरत कम हो सकती है।
- पानी देने के बाद गमले की प्लेट में जमा अतिरिक्त पानी निकाल दें।
याद रखें, कम पानी और ज्यादा पानी दोनों पौधे को प्रभावित कर सकते हैं। इसलिए केवल पत्तियों को देखकर तुरंत पानी देने के बजाय मिट्टी की स्थिति भी जाँचें।
4. Fertilizer देने से पहले पौधे की जरूरत समझें
अगर Allium में फूल कम आ रहे हैं, तो तुरंत ज्यादा fertilizer देना सही समाधान नहीं है। Flowering पर bulb की maturity, variety, धूप, मिट्टी, पानी और मौसम का भी असर पड़ता है। केवल खाद बढ़ाने से इन समस्याओं का समाधान नहीं होता।
Allium की कई ornamental varieties को नियमित रूप से बहुत ज्यादा fertilizer देने की जरूरत नहीं होती। इसलिए खाद का इस्तेमाल मिट्टी की स्थिति और पौधे की वास्तविक जरूरत के अनुसार करें।
अगर पौधा कमजोर दिखाई दे रहा है, तो पहले यह देखें कि उसे पर्याप्त रोशनी मिल रही है या नहीं, मिट्टी में पानी तो जमा नहीं रहता और bulb स्वस्थ है या नहीं। इन स्थितियों को ठीक किए बिना बार-बार fertilizer देने से फायदा होने के बजाय नुकसान भी हो सकता है।
क्या करें? पौधे की जरूरत के अनुसार उपयुक्त fertilizer चुनें और उसके label पर दिए निर्देशों का पालन करें। बिना जानकारी के तेज concentration या बार-बार खाद देने से बचें।
5. सही Bulb और Planting Time चुनें
Allium में अच्छी flowering पाने के लिए bulb की quality और planting time पर ध्यान देना भी जरूरी है। स्वस्थ और अपनी variety के लिए पर्याप्त आकार वाला bulb अच्छी flowering की संभावना बढ़ा सकता है। हालांकि बड़ा bulb होने से भी हर बार फूल आने की गारंटी नहीं होती।
Bulb खरीदते समय ऐसा bulb चुनें जो मजबूत हो और जिसमें सड़न या गंभीर नुकसान के संकेत न हों। बहुत नरम, बदबूदार या सड़ा हुआ bulb लगाने से बचें।
Planting time तय करते समय Allium की सही variety की जानकारी जरूर लें। अलग-अलग ornamental Allium varieties के flowering time और growing requirements अलग हो सकते हैं। कई varieties को ठंडे मौसम के बाद वसंत या शुरुआती गर्मियों में फूल आते हैं, लेकिन यह सभी varieties पर लागू नहीं होता।
इसलिए किसी दूसरे Allium की planting date देखकर अपनी variety पर वही तारीख लागू न करें। उत्तर भारत में भी मौसम और तापमान हर साल एक जैसे नहीं रहते।
क्या करें? Bulb की variety के अनुसार planting instructions अपनाएँ और उसके लिए उपयुक्त मौसम में ही planting करें। अगर पौधे में केवल पत्तियाँ निकल रही हैं, तो यह भी जाँचें कि bulb flowering के लिए पर्याप्त mature है या नहीं।
Allium में फूल कम आने पर इन संकेतों को भी समझें
कभी-कभी पौधे की पत्तियाँ अच्छी तरह बढ़ती हैं, लेकिन फूल नहीं आते। ऐसी स्थिति में केवल पानी या fertilizer को दोष देना सही नहीं है। समस्या के संभावित कारणों को अलग-अलग समझना जरूरी है।
- पत्तियाँ कमजोर हैं: रोशनी, watering, drainage और bulb की condition जाँचें।
- पत्तियाँ स्वस्थ हैं, लेकिन फूल नहीं हैं: variety का flowering season, bulb की maturity और उसकी growing requirements पर ध्यान दें।
- Bulb नरम या सड़ा हुआ है: अधिक नमी और खराब drainage जैसी समस्याओं की जाँच करें।
- फूल आने के बाद पत्तियाँ पीली हो रही हैं: कई bulb plants में flowering के आसपास foliage का धीरे-धीरे पीला पड़ना प्राकृतिक प्रक्रिया हो सकती है।
Allium की पत्तियाँ flowering के बाद भी हरी हों, तो उन्हें तुरंत काटने से बचें। पत्तियाँ सूखने तक पौधे को अपनी variety के अनुसार देखभाल करने दें। इससे bulb को अगले growth cycle के लिए ऊर्जा जमा करने में मदद मिल सकती है।
अगली Flowering के लिए अभी क्या करें?
Allium में ज्यादा फूल पाने के लिए सबसे पहले उसकी variety पहचानें और फिर धूप, मिट्टी, watering, fertilizer और bulb की condition जाँचें। अगर पौधा पहले से लगा हुआ है, तो उसे बार-बार खोदने या बिना जरूरत खाद देने के बजाय उसकी मौजूदा स्थिति के अनुसार सुधार करें।
सही देखभाल के बावजूद flowering का समय और फूलों की संख्या variety, bulb की maturity तथा स्थानीय मौसम के अनुसार बदल सकती है। इसलिए किसी एक उपाय से तुरंत ज्यादा फूल आने की उम्मीद न करें। सही growing conditions बनाए रखना ही बेहतर flowering की दिशा में सबसे उपयोगी कदम है।
